
रक्तपथ: जंगल का क़ानून
Gaurav Garg
इस ऑडियोबुक को डिजिटल वॉइस में रिकॉर्ड किया गया है.
1990 का दशक। बिहार की रक्तरंजित भूमि पर, जहाँ जाति, राजनीति और अपराध का अपवित्र गठबंधन ही परम सत्य है, आमड़ी नामक एक छोटा सा गाँव शांति से साँस लेता है। किंतु एक रात, यह शांति एक भयावह चीख़ में बदल...
Location:
United States
Description:
इस ऑडियोबुक को डिजिटल वॉइस में रिकॉर्ड किया गया है. 1990 का दशक। बिहार की रक्तरंजित भूमि पर, जहाँ जाति, राजनीति और अपराध का अपवित्र गठबंधन ही परम सत्य है, आमड़ी नामक एक छोटा सा गाँव शांति से साँस लेता है। किंतु एक रात, यह शांति एक भयावह चीख़ में बदल जाती है। शक्तिशाली बाहुबली और विधायक बनने का आकांक्षी, गजेंद्र "गज्जू" सिंह, एक गहरे राजनीतिक षड्यंत्र को छिपाने के लिए पूरे गाँव को जीवित जला देता है। उस नरसंहार की राख से केवल एक शरीर जीवित बचता है—दस वर्षीय अर्जुन प्रसाद, जिसकी आँखों ने उस रात अपने पिता की हत्या और अपने संसार का विनाश देखा था। एक दशक पश्चात, अर्जुन लौटता है। वह अब एक मासूम बालक नहीं, बल्कि गिद्धपुरी की गलियों में पला-बढ़ा एक कठोर, कुशल और प्रतिशोध से भरा युवक है। उसका जीवन का एकमात्र उद्देश्य है गजेंद्र सिंह का सर्वनाश। इस उद्देश्य को पूरा करने के लिए, वह अपराध की दुनिया की सीढ़ियाँ चढ़ता है, गज्जू के प्रतिद्वंद्वी गिरोह में शामिल होता है, और स्वयं एक भयावह 'भूत' के रूप में अपनी पहचान बनाता है जो सालीमपुर के सत्ता के समीकरणों को हिला देता है। किंतु जैसे-जैसे वह अपने लक्ष्य के निकट पहुँचता है, उसे एक और भी गहरे और अंधकारपूर्ण सत्य का आभास होता है। उसे पता चलता है कि गज्जू सिंह तो इस विशाल षड्यंत्र का केवल एक चेहरा है, और असली तार तो पटना में बैठे एक शक्तिशाली मंत्री, भार्गव दत्त, के हाथों में हैं। इसी दौरान, उसकी राह एक आदर्शवादी, किंतु विवश आरक्षी अधीक्षक इमरान आलम और एक साहसी पत्रकार अमृता सिन्हा से टकराती है, जो दोनों अपने-अपने तरीक़े से इसी अपवित्र गठजोड़ को उजागर करने का प्रयास कर रहे हैं। विश्वासघात और धोखे के मध्य, इन तीन टूटे हुए लोगों का एक हताश गठबंधन बनता है। अब अर्जुन को न केवल एक बाहुबली और एक मंत्री से, बल्कि उस पूरी भ्रष्ट प्रणाली से लड़ना है जिसने उसे बनाया है। "रक्तपथ" केवल एक प्रतिशोध की कहानी नहीं है; यह उस भयावह प्रश्न का उत्तर खोजती है कि जब न्याय स्वयं एक अपराधी बन जाए, तो एक व्यक्ति को किस सीमा तक जाना पड़ता है। Duration - 6h 39m. Author - Gaurav Garg. Narrator - डिजिटल वॉइस Hrehaan G. Published Date - Friday, 10 January 2025. Copyright - © 2025 Gaurav Garg ©.
Language:
Hindi
रक्तपथ: जंगल का क़ानून
Duration:00:00:06
लेखक के बारे में
Duration:00:00:23
अध्याय १: आमड़ी का मातम
Duration:00:13:13
अध्याय २: शहर की धूल
Duration:00:12:15
अध्याय ३: वापसी का बुलावा
Duration:00:11:27
अध्याय ४: लोहे की भट्टी
Duration:00:08:46
अध्याय ५: वफ़ादारी का इम्तिहान
Duration:00:12:47
अध्याय ६: दरबार का क़ानून
Duration:00:10:27
अध्याय ७: रेत पर खून
Duration:00:11:55
अध्याय ८: मंत्री जी का हाथ
Duration:00:08:28
अध्याय ९: वर्दी में दुश्मन
Duration:00:09:52
अध्याय १०: अपहरण उद्योग
Duration:00:09:11
अध्याय ११: परदे के पीछे का खेल
Duration:00:09:33
अध्याय १२: बूथ पर कब्ज़ा
Duration:00:10:26
अध्याय १३: जीत का जश्न और एक सुराग
Duration:00:10:29
अध्याय १४: सच की तलाश
Duration:00:10:49
अध्याय १५: दोहरी चाल
Duration:00:09:03
अध्याय १६: धोखे का जाल
Duration:00:09:46
अध्याय १७: विश्वासघात
Duration:00:09:15
अध्याय १८: भगोड़ा
Duration:00:10:02
अध्याय १९: पत्रकार की पड़ताल
Duration:00:09:19
अध्याय २०: ईमान का संकट
Duration:00:09:35
अध्याय २१: एक अनकहा गठबंधन
Duration:00:10:55
अध्याय २२: पहला वार
Duration:00:11:20
अध्याय २३: मंत्री की दहशत
Duration:00:10:01
अध्याय २४: लहू से संदेश
Duration:00:09:52
अध्याय २५: गद्दार का अंजाम
Duration:00:09:38
अध्याय २६: बाहुबली का क़िला
Duration:00:09:28
अध्याय २७: भूत का इंतकाम
Duration:00:08:14
अध्याय २८: कवच में दरार
Duration:00:09:18
अध्याय २९: हत्यारे का अंत
Duration:00:11:30
अध्याय ३०: युद्ध का ऐलान
Duration:00:08:40
अध्याय ३१: नरसंहार की खोज
Duration:00:10:16
अध्याय ३२: भूत का गुरिल्ला युद्ध
Duration:00:09:27
अध्याय ३३: एक हताश गठबंधन
Duration:00:09:58
अध्याय ३४: मंत्री का अंतिम दांव
Duration:00:08:49
अध्याय ३५: डायरी के रहस्य
Duration:00:09:27
अध्याय ३६: घेराबंदी
Duration:00:09:18
अध्याय ३७: क़िले पर हमला
Duration:00:08:15
अध्याय ३८: अंतिम दालान
Duration:00:09:11
अध्याय ३९: रक्तपथ
Duration:00:10:18
अध्याय ४०: राख और उदय
Duration:00:08:33